Hindi Shayari If You LoveShayari2017

⇛एक ख्वाइश सिरहाने रख दो ना⇛
⇛आज मुझ पे तुम इनायत कर दो ना⇛
⇛ज़रा चुपके से खामोशी से⇛
⇛तुम इज़हार-ए-मोहब्बत कर दो ना⇛

⇛जिसको चाहो उसे चाहत बता भी देना;
⇚कितना प्यार है उससे यह जता भी देना;
⇏यूँ ना हो की उसका दिल कहीं और लग जाए;
⇏करके इज़हार उसके दिल को चुरा भी लेना!

⇎इश्क़ से कभी हमने इनकार नही किया;
⇎पर इस दिल को कभी इतना बेकरार नही किया;
⇏बस आँखों में उनके सपने सजाए रखे हैं;
⇏मगर कभी हमने होंठों से इश्क़ का इज़हार नही किया!

⇍इज़हार मोहब्बत का कुछ ऐसे हुआ⇍
⇖क्या कहें की प्यार कैसे हुआ;
⇖उनकी एक झलक पे निसार हुए हम;
⇖सादगी पे मर-मिटे और आँखो से इक़रार हुआ!



⇪आँखों की गहराई को समझ नही सकते;
⇪होंठो से कुछ कह नही सकते;
⇪कैसे बयान करे हम आपको यह दिल का हाल की;
⇫तुम ही हो जिसके बिना हम रह नही सकते!

⇪जीवन में एक बार सभी ने किया है प्यार;
⇪कुछ ने डर कर कुछ ने जोश में किया इज़हार;
⇪मगर बिना बोले जब दो दिल कह जायें दिल की बात;
⇖वही है नज़र का नज़र से सच्चा इक़रार!

⇖इश्क़ के इज़हार में हर चाँद रुसवाई तो है;
⇖पर करूँ क्या अब तबीयत आप पर आई तो है!



⇖आप के बाद यह महसूस हुआ है हमको;
⇖जीना मुश्किल नही और मरना भी दुश्वार नही!


⇖आँख रखते हो तो उस आँख की तहरीर परहो;
⇖मुँह से इक़रार ना करना तो है आदत उस की!

⇖तेरे दीदार की तलब रखता था;
⇖तुझसे प्यार की चाहत रखता था;
⇖तुझसे इज़हार की भी सदा रखता था;
⇖रख ना पाया तो सिर्फ़ इज़हार-ए-जुनून!

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